सैफ अली खान पर ‘शक्तिमान’ ने निकाली भड़ास, बोले- अपने धर्म के साथ ऐसा करके दिखाओ…

मुकेश खन्ना (Mukesh Khanna) ने सैफ अली खान (Saif Ali Khan) के माफीनामे पर भी तंज कसते हुए कहा कि अंग्रेज़ों ने एक खूबसूरत शब्द बनाया है ‘सॉरी.’ तीर मारो, बम चला लो, घूंसा मार दो और फिर कह दो ‘सॉरी.’ लेकिन हमें मंज़ूर नहीं. बोलने के पहले सोचा क्यों नहीं!

मुंबई. अपनी आने वाली फिल्म में ‘रावण’ के किरदार को लेकर टिप्पणी करने के बाद से विवादों में फंसे सैफ अली खान (Saif Ali Khan) ने माफी मांगते हुए बयान वापस ले लिया, लेकिन वह कंट्रोवर्सी में फंस गए हैं. दरअसल, पहले सैफ अली खान ने इस फिल्म में अपने किरदार और ‘रावण’ के किरदार को लेकर टिप्पणी की थी, जिसके बाद सोशल मीडिया पर वह ट्रोल हो गए. हाल ही में शक्तिमान (Shaktimaan) और महाभारत (Mahabharat) के ‘भीष्म पितामह’ यानी मुकेश खन्ना (Mukesh Khanna) ने इस मामले पर सैफ को घेरा और सोशल मीडिया पर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि वह अपने धर्म के साथ ऐसा करके दिखाए, तब उन्हें मानें.

मुकेश खन्ना (Mukesh Khanna) ने अपने इंस्टाग्राम पोस्ट से सैफ अली खान के रावण वाले बयान पर कहा है, ‘अभी भी जाने-अनजाने में फिल्मकार फ़िल्मों के तूनीर से हमारे सनातन धर्म और उनके धार्मिक किरदारों पर बाण चलाने से बाज नहीं आ रहे. लक्ष्मी बम फटा नहीं, एक और हमला बोल दिया गया. मशहूर कलाकार सैफ अली खान ने एक इंटरव्यू में एक आपत्तिजनक खुलासा किया.

उन्होंने आगे लिखा- ‘सैफ अली खान ने एक इंटरव्यू में कहा कि महाबजट में बनने वाली ‘आदिपुरुष’ फिल्म में लंकेश रावण का किरदार निभाना उनके लिए बड़ा दिलचस्प रहेगा. उसमें रावण को बुरा नहीं बल्कि मानवीय और एंटरटेनिंग दिखाया गया है. उसे हम दयालु बना देंगे. उसमें सीता हरण को न्यायोचित बताया जाएगा. पता नहीं सैफ को ऐसा क्यों लग रहा है कि ये इतना आसान है.’

मुकेश खन्ना ने कहा कि लंकेश कोई गेंद नहीं जिसे आप जैसा चाहें बल्ला घुमा कर मार दें. इसे मैं उनकी नादानी कहूं या मूर्खता! उन्हें नहीं पता कि वो देश के करोड़ों भारतीयों की आस्था से खेल रहे हैं या फिर ये कि उन्हें पता है फिर भी जान बूझकर बोल रहे हैं, या फिर इसे मैं उन अपने आप को बुद्धिजीवी कहने वाले डायरेक्टर प्रोड्यूसर का दुस्साहस कहूं जो अब भी ऐसी फिल्में बनाने की जुर्रत रखते हैं.

उन्होंने कहा, ‘फिर वही बात कहूंगा कि दूसरे किसी धर्म के किरदारों से ऐसा खेल खेलकर बताओ. अच्छे को बुरा और बुरे को अच्छा बना कर पेश करो. मार खाओगे उनसे. राम-रावण नहीं बन सकते. वैसे रावण राम नहीं तो ये रावण को दयालु बनाने का खेल क्यों भई ? क्या इसमें भी कोई साजिश है? या फिर इन लोगों का आजमाया हुआ फ़िल्म प्रमोशन. मैं नहीं कह सकता. जनता को ख़ुद सोचना होगा. मुझे बुरा लगा इसलिए कह दिया. आप सब भी सोचिए कि आपको भी बुरा लगा या नहीं.’

मुकेश खन्ना ने कहा कि आप सब सोचिए कि आपको भी बुरा लगा या ये लगा कि चलने दो क्या फर्क पड़ता है. अगर ऐसा है तो बड़े ही शर्म की बात है हम सबके लिए. मुझे ना चाहते हुए भी कहना पड़ेगा हिंदू धर्म खतरे में है. ये दूसरे धर्म वाले हमेशा कहते रहते हैं. अब लगता है हमें भी कहना पड़ेगा. सावधान हो जाइए.

उन्होंने आखिर में लिखा, ‘अब ब्रेकिंग न्यूज़ ये है कि सैफ ने लिखित माफी मांग ली है, अपने वक्तव्य के लिए. वाह! क्या बात है. कहते हैं अंग्रेज़ों ने एक खूबसूरत शब्द बनाया है ‘सॉरी.’ तीर मारो, बम चला लो, घूंसा मार दो और फिर कह दो ‘सॉरी.’ लेकिन हमें मंज़ूर नहीं. बोलने के पहले सोचा क्यों नहीं!’ आपको बता दें कि एक्टर मुकेश खन्ना का ये पोस्ट काफी वायरल हो रहा है.

loading...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.